Skip to main content

छात्रों ने अपने खून से CM योगी को लिखा पत्र : मांग पूरी न होने पर दी आत्मदाह की धमकी

 


अलीगढ़ में LLB करने वाले छात्रों का जब रिजल्ट आया तो उसमे जब छात्र फेल हो गए तो उसमे से कुछ छात्रों ने अपने खून से  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और कुलपति को खून से पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने बुधवार से तत्काल पास करने का अनुरोध किया है। छात्रों ने इस बात पर जोर देते हुए कहा कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो आत्मदाह कर लेंगे। कुल पांच छात्रों ने खून से पत्र लिखा है।  


वहीं इससे पहले वाराणसी के यूपी कॉलेज के प्रबंध सचिव को हटाने के लिए छात्रों ने अपने खून से सीएम योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा था। छात्र प्रबंध सचिव को हटाने के लिए नौ दिनों से धरने पर बैठे हुए थे। छात्रों ने अपने खून से लिखा हुआ पत्र एसीएम चतुर्थ को सौंपा था। यूपी कॉलेज के धरने पर बैठे हुए छात्रों ने नौवें दिन अपने खून से पत्र लिखकर मुख्यमंत्री को भेजा था। 


छात्रों की मांग थी कि कॉलेज सचिव को जल्द से जल्द हटाया जाए और कॉलेज छात्रावास का जीर्णोद्धार कराकर उसे आवंटित किया जाए। पूर्व छात्रसंघ महामंत्री शिवम सिंह बाबू ने कॉलेज प्रबंधन पर आरोप लगाते हुए कहा था कि हमारे कॉलेज प्रबंध समिति में कुछ भ्रष्टाचारी लोग हैं, जो इस पद  के लायक नहीं हैं उस सचिव को बचा रहे हैं। 

छात्रों ने  कहा कि समिति के लोग हमें सिर्फ गोलमोल बातों में इधर -उदर घूमा रहे हैं। छात्रों ने आरोप लगाते हुए कहा कि कल जब प्राचार्य से हमारी मीटिंग हुई तो उसमें कहा गया कि 20-25 दिन में एक मीटिंग और रखकर सचिव को हटाया जाएगा पर जब हमने उनसे यही बात लिखित में मांगी तो उन्होंने साफ मना कर दिया। अब हमारे सामने अपने खून से पत्र लिखने की बजाय कोई और तरीका नजर नहीं आया।


Comments

Popular posts from this blog

दिल्‍ली : मेट्रो पकड़ने की हड़बड़ी में कर बैठा बड़ी भूल - गलती मानने पर मिले दो लाख रुपये

  CISF  के जवानो ने  ईमानदारी और सूझबूझ के साथ अपनी ड्यूटी निभाई इस ईमानदारी  का पता तो तब चला जब शास्त्री पार्क मेट्रो स्टेशन पर यात्रीयो कि भीड़भाड़ में एक यात्री अपना दो लाख रुपये से भरा बैग स्टेशन पर ही भूल गया। अकेले बैग को देखकर वन तैनात CISF के जवानों ने उस लावारिस बैग को सुरक्षित रखवा दिया । उस बैग कि जांच कि गयी उसमे कुछ भी गलत चीज नहीं मिलने पर ही बैग को खोला गया तो उससे रुपये बरामद हुए। उसे सुरक्षित रखवा दिया गया और यात्री के आने पर रुपये उन्हें सौप दिए गए। रुपये सुरक्षित मिलने पर यात्री ने जवानों की सतर्कता और ईमानदारी की सराहना की। CISF के वरिष्ठ अधिकारी ने अपने बयान में बताया कि यह घटना दस फरवरी की रात करीब साढ़े आठ बजे घटित हुई । शास्त्री पार्क मेट्रो स्टेशन पर तैनात सीआइएसएफ के जवानों ने बैगेज जांच मशीन के समीप एक लावारिस बैग पड़ा देखा था। जिसके बाद उन्होने बैग के संबंध में सभी यात्रियों से पूछताछ की , लेकिन किसी ने भी बैग को नहीं अपनाया । इसके बाद सुरक्षा की दृष्टि से बैग की तलाशी ली गई। इसमें बैग में कोई खतरनाक चीज नहीं मिली।  जब पुलिस  ने उस बैग कि जाँच की तो , तलाशी ल

ये लोग बिलकुल न लगवाएं कोवैक्सीन - भारत बायोटेक ने लोगों को चेताया

  कोरोना से निजात पाने के लिए देशभर में टीकाकरण का काम लगातार जोर -शोर से चल रहा है. इसी बीच भारत बायोटेक ने फैक्टशीट में कहा है कि इस टीकाकरण को किस बीमारी वाले लोगों को नहीं लगवानी चाहिए. यदि किसी भी बीमारी के कारण  से आपकी इम्युनिटी कमजोर है या आप कुछ ऐसी दवाएं ले रहे हैं, जिससे आपकी इम्युनिटी प्रभावित होती है तो आपको कोवैक्सीन नहीं लगवानी चाहिए भारत बायोटेक ने अपनी एक रिपोर्ट में कहा है। इससे पहले केंद्र सरकार ने कहा था कि अगर आप इम्युनोडेफिशिएंसी से ग्रस्त हैं या इम्युनिटी सप्रैशन  (Immunity Suppression) पर हैं, यानी आप किसी अन्य ट्रीटमेंट के लिए इम्युनिटी कम कर रहे हैं तो कोरोना वैक्सीन ले सकते हैं. लेकिन अब भारत बायोटेक ने अपने बयान में ऐसे लोगों को कोवैक्सीन न लगवाने की सलाह दी है। भारत बायोटेक के मुताबिक- ये लोग भी कोवैक्सीन न लगवाएं। जिन्हें एलर्जी की शिकायत रही है । बुखार होने पर न लगवाएं । जो लोग ब्लीडिंग डिसऑर्डर से ग्रस्त हैं या खून पतला करने की दवाई ले रहे हैं । गर्भवती महिलाएं, या जो महिलाएं स्तनपान कराती हैं । इसके अलावा भी स्वास्थ्य संबंधी गंभीर मामलों में नहीं लगवानी

किसानो का पुलिस को साफ़ जवाब - हर हाल में दिल्ली में ट्रैक्टर मार्च निकालेंगे

  किसान आंदोलन जो हो रहा है उसका आज 57वां दिन है. सरकार ने किसान आंदोलन कर रहे किसानो की कुछ मांगों को माना लेकिन नए कृषि कानूनों को रद्द करने की मांग को लेकर पंजाब के साथ -साथ  कई राज्यों के किसान दिल्ली बॉर्डर पर डटे हुए हैं. किसानों का कहना है की वो 26 जनवरी को दिल्ली में ट्रैक्टर रैली निकालेगें इस बात का किसानो ने खुलेआम ऐलान किया है. इसी मुद्दे पर किसान संगठनों और दिल्ली, हरियाणा और उत्तर प्रदेश पुलिस के बीच आज बैठक हुई. बैठक में किसानों ने साफ किया है कि वो हर हाल में दिल्ली के आउटर रिंग रोड में ट्रैक्टर मार्च निकालेंगे। दिल्ली पुलिस ने भी कहा है कि वो गणतंत्र दिवस के मौके पर आउटर रिंग रोड में ट्रैक्टर रैली की इजाजत नहीं दे सकते हैं. दिल्ली पुलिस ने किसानो को एक सुझाव दिया है कि किसान KMP हाईवे पर अपना ट्रैक्टर मार्च निकालें. गणतंत्र दिवस को देखते हुए ट्रैक्टर मार्च को सुरक्षा देने में कठिनाई हो सकती है । माना जा रहा है कि नए कृषि कानूनों पर हो रहे विवादों को दूर करने के लिए बुधवार को हुई 10वें दौर की बैठक में केंद्र सरकार ने थोड़ी नरमी दिखाई और कानूनों को 1.5 साल के लिए निलंबित